सिर के जूँ से छुटकारा पाने के घरेलु नुस्खे

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जूँ एक छोटा परजीवी है जो बालों की जड़ों और बालों के निचले हिस्से पर चिपके रहते हैं, जहां यह सिर की त्वचा से खून को पीकर जिंदा रहते हैं। बच्चों में जूँ होने की समस्या आम है। यदि आप जूँ वाले किसी व्यक्ति के संपर्क में आते हैं तो यह आपको भी हो सकते हैं। साथ ही इंफेक्टेड व्यक्ति का सामान जैसे कंघी और कपड़े आदि इस्तेमाल करने से भी जूँ होने की संभावना रहती है।

सिर में जूँ होने का सबसे आम लक्षण है सिर में खुजली होना और सिर की त्वचा पर लाल चकत्ते पड़ना। यह बहुत तेजी से बढ़ते हैं इसलिए इन्हें जल्दी खत्म करना बहुत मुश्किल होता है। कुछ घरेलू उपचार के द्वारा जूँ से निजात पाई जा सकती है। आइए आपको बताएं ऐसे ही कुछ घरेलू उपचार के बारे में-

आलिव ऑयल

आलिव ऑयल में जूं मारने के गुण तो नहीं होते लेकिन जब इसे बालों में लगाकर पूरी रात के लिए रख दिया जाता है तो ऐसे में आलिव ऑयल से जूं खत्म हो जाती है। इसको इस्तेमाल करने के लिए आपको आलिव  ऑयल को अपने बालों में लगाकर अच्छे से मसाज करनी चाहिए और इसके बाद सिर को एक शॉवर बैग से ढग कर रख दें। अगले दिन बालों को शैम्पू करके आप पतली दांत वाली कंघी से अपने बालों पर कंघी करें, ऐसा करने से जूंए बाहर निकल आएंगी।

मेयोनीज

आलिव ऑयल की तरह आप मेयोनीज का इस्तेमाल भी कर सकती हैं।  मेयोनीज के इस्तेमाल से आसानी से लीखें और जूं बाहर निकल आती हैं। इसके लिए आपको अपने स्केल्प पर अच्छे से मेयोनीज लगाना चाहिए, इसके बाद रातभर के लिए सिर को ढक कर सो जाएं और अगले दिन सुबह उठते ही बालों को अच्छे से धो लें। इसके बाद गीले बालों में ही पतली दांत वाली कंघी की मदद से बालों को कंघी करें। इससे जूं खत्म हो जाएगी।

 टी ट्री ऑयल

टी ट्री ऑयल को उसके माइक्रोबियल, एंटीवायरल और जीवाणुरोधी गुणों के लिए जाना जाता है। यह जूं और लीखों से काफी आसानी से  छुटकारा दिलाता है। इस बात को भी माना गया है कि टी ट्री की कुछ बूंदों के इस्तेमाल से आप जूं और लीखों से निजात पा सकती हैं।

टी ट्री ऑयल का इस्तेमाल कर जूंओ से निजात पाने के लिए आपको  कैरियर ऑयल और टी ट्री ऑयल को एक तिहाई के मात्रा में मिक्स कर अपने बालों में मिक्स कर अपने बालों की मसाज कर सकती हैं। इसके बाद इसे 40 मिनट के लिए अपने बालों में ही लगा रहने दें और इसके बाद बालों को अच्छे से धो लें। इसके बाद आप एक मोटी दांत वाली कंघी का इस्तेमाल कर अपने बालों को जूं से छुटकारा पाने के लिए प्रयोग कर सकती हैं।  टी ट्री को इस्तेमाल करने का एक और आसान तरीका यह है कि आप इसे अपने शैम्पू में भी मिक्स करके इस्तेमाल कर सकती हैं। आप या तो टी ट्री को अपने शैम्पू में मिक्स करके इस्तेमाल कर सकती हैं या तो आप शैम्पू के बाद अपने गीले बालों में टी ट्री ऑयल की कुछ बूंदें भी जोड़ सकती हैं। इस विधि का नियमित प्रयोग कर आप जूं और लीखों से आसानी से छुटकारा पा सकती हैं।

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नींबू

नींबू के टुकड़े को सिर पर रगड़ने से या नींबू का रस नारियल के तेल के साथ मिलाकर सिर पर लगाने से भी जुएँ पूर्ण रूप से नष्ट हो जाती हैं।

काली मिर्च

आधा चम्मच काली मिर्च का पाउडर और एक कप दही दो चम्मच नींबू के रस के साथ मिलाकर, नहाने से 20 मिनट पहले सिर पर लगाने से सिर की जुओं का पूर्ण रूप से खत्म होता है। पर एक बात याद रखें कि नहाते वक़्त अपनी आँखें बंद रखें वर्ना काली मिर्च का पाउडर आपकी आँखों को जलन से परेशान कर सकता है।

निबौली, सरसों या माजूफल का तेल

निबौली, सरसों या माजूफल का तेल लगाने से या अरिठे का फेन लगाने से जूँ और लीखें मर जाती हैं।तुलसी के पत्ते पीसकर सिर पर लगा लें, उसके बाद सिर पर कपड़ा बांध लें। सारी जुएँ मरकर कपडे से चिपक जायेंगी, और ऐसा दो तीन बार करने से पूर्ण रूप से जुएँ साफ़ हो जायेंगी।

अमरुद के पत्ते

अमरुद के पत्तों को पीसकर हल्दी के साथ मिलाकर मिश्रण बना लें और नहाने  से दो घंटे पहले सिर पर मल दें। इससे आपको जुओं से छुटकारा मिल जायेगी।नीम के पत्तों को पीसकर नहाने से 2 घंटे पहले सिर पर लगाने से भी जुओं से छुटकारा मिलता है।

ताज़ी मेंहदी

जूँ के फैलाव की रोकथाम के लिए जो एक और प्राकृतिक उत्पाद कारगर पाया गया है, वह है, ताज़ी मेंहदी का प्रयोग | बहुत से उपयोगी शैम्पू और स्प्रे काम ही इसलिए कर पाते हैं, कि जूँएं मेंहदी की गंध से दूर भागती हैं | घर के प्रत्येक सदस्य के तकिये की खोल के अन्दर थोड़ी मात्रा में ताजी मेंहदी (2-3 छड़ियाँ) रखी जानी चाहिए | इन्हें तकिये के नीचे भी रखा जा सकता है, जिससे वे सोने का प्रयास करते आदमी को प्रभावित या उसके लिए कोई खलल पैदा न कर सकें और उस व्यक्ति को भी इसकी गंध न महसूस हो | अगर एक हफ़्ते तक यह उपचार आजमाया जाए, तो जूँएं बालों से निकलकर भाग जाती है, और उनमें फिर अंडे नहीं देतीं |

नीम और तुलसी के पत्ते

नीम के पत्ते और तुलसी के पत्ते तकिये के नीचे रखने से जुओं की समस्या काफी हद तक ख़तम हो जाती है।

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लहसून

लहसून का कसैला स्वाद भी जुओं को मारने में सहायक सिद्ध होता है। नहाने से पहले लहसून की लेई नींबू के रस के साथ मिलाकर सिर पर लगाने से भी जुओं को नष्ट करने में मदद मिलती है।सिर के से बालों को धोने से भी 2 दिन के अंदर जुएँ नष्ट हो जाती हैं।

प्याज का रस

प्याज में सलफर की मात्रा ज्यादा होती हैं जिससे जुएं मर जाते हैं। बालों की लंबाई के अनुसार आप 3 से 4 छिले हुए प्याज लें और पतला पेस्ट बनाने के लिए उसे ग्राइंड कर लें फिर छलनी की मदद से उसका सारा रस निकाल लें। इसके बाद इसमें बराबर मात्रा में सरसों और नारियल का तेल मिला लें फिर रुई की मदद से इसे स्केल्प पर लगा लें और अच्छी तरह से बालों की मसाज कर लें। रात भर बालों को ऐसे ही छोड़ दें और अगले दिन अपना सर धो लें फिर पतली कंगी से सर कॉम्ब करें ताकि आपको जुओं से छुटकारा मिल सकें।

नारियल का तेल

नारियल का तेल जुओं और लीखों को मारता नहीं हैं लेकिन इससे जुएं हिल नहीं पाती हैं। रात भर शावर कैप से ढके रहने पर ये घुट कर मर जाती हैं। इसके लिए नारियल का तेल गैस पर गर्म करें और इसमें कपूर का चूरा मिला लें। अगली सुबह आप कंघी से बालों को कॉम्ब करें इससे वो अपने आप निकल जाएंगी।

जूं कंघी

जूं कंघी का इस्तेमाल करने के लिए आप जूं और लीखों से छुटकारा पा सकती हैं। यह कंघी विशेष रूप से केवल जूंओं और लीखों को निकालने के लिए ही बनाई गई है और यह बाजार में भी आसानी से उपलब्ध होती है।

घर की साफ़ सफाई बनाये रखें। बालों की कंघियों और हेयर ब्रश की नियमित रूप से सफाई करें। सिर के जुओं का इलाज जल्द से जल्द करना चाहिये क्योंकि अगर ऐसा नहीं किया गया तो यह बालों की जड़ों को कमज़ोर कर सकती हैं, जिससे खुजली और बालों के झड़ने की संभावना हो सकती है।

इस वेबसाइट में जो भी जानकारिया दी जा रही हैं, वो हमारे घरों में सदियों से अपनाये जाने वाले घरेल नुस्खे हैं जो हमारी दादी नानी या बड़े बुज़ुर्ग अक्सर ही इस्तेमाल किया करते थे, आज कल हम भाग दौड़ भरी ज़िंदगी में इन सब को भूल गए हैं और छोटी मोटी बीमारी के लिए बिना डॉक्टर की सलाह से तुरंत गोली खा कर अपने शरीर को खराब कर देते हैं। तो ये वेबसाइट बस उसी भूले बिसरे ज्ञान को आगे बढ़ाने के लक्षय से बनाई गयी है। आप कोई भी उपचार करने से पहले अपने डॉक्टर से या वैद से परामर्श ज़रूर कर ले। यहाँ पर हम दवाएं नहीं बता रहे, हम सिर्फ घरेलु नुस्खे बता रहे हैं। कई बार एक ही घरेलु नुस्खा दो व्यक्तियों के लिए अलग अलग परिणाम देता हैं। इसलिए अपनी प्रकृति को जानते हुए उसके बाद ही कोई प्रयोग करे। इसके लिए आप अपने वैद से या डॉक्टर से संपर्क ज़रूर करे।

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