ये 5 जड़ी बूटियां आपके दिमाग को कंप्यूटर से भी तेज चला सकती है

1

आज हम आपको कुछ ऐसे उपाय और टोनिक बताने जा रहे है जिनका इस्तेमाल कर आप अपने मस्तिष्क को कंप्यूटर से भी तेज बना सकते हो।

1. हल्दी

भारत के हर घर में प्रयोग होने वाली हल्दी न केवल कैंसर के इलाज में अचूक औषधि है बल्कि यह दिमाग को भी स्वस्थ रखने में मदद करती है। कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी में हुए एक शोध के अनुसार, हल्दी में कुरकुमीन नामक एक रसायन पाया जाता है जो की दिमाग की मृत या निष्क्रिय कोशिकाओं को सक्रीय करने में सहायक होता है।

health-benefits-of-turmeric

2. दालचीनी

कहने को दालचीनी एक सिर्फ एक मसाला है लेकिन ये एक बहुत बढ़िया जड़ी बूटी भी है। यदि रात को सोने से पहले नियमित रूप से एक चुटकी दालचीनी का पाउडर शहद के साथ मिलाकर ले तो इससे मानसिक तनाव में राहत मिलती है और दिमाग भी तेज होता है।

cinnamon

3. शंख पुष्पी

दिमाग की शक्ति को बढ़ाने के लिए शंखपुष्पी के बहुत ही बढ़िया औषधि है। दिमाग को तेज करने के लिए रोज आधा चम्मच शंख पुष्पी को एक कप गरम पानी में मिला कर लें। यह दिमाग में रक्त का सही संचार करती है जिससे याद करने की क्षमता और सीखने की क्षमता को भी बढ़ाती है।

शंखपुष्पी

 

4. ब्राह्मी

बाह्मी दिमाग तेज करने वाली सबसे उत्तम औषधियों में एक है। इसके नियमित प्रयोग से स्मरण शक्ति याद्दास्त बढती है। एक चम्मच शहद और आधा ब्राह्मी गर्म पानी में मिलाकर पीने से दिमाग तेज होता है।

brahmi

5. तुलसी

तुलसी एक जानी-मानी एंटीबायोटिक जड़ी बूटी है। इसमें मौजूद शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट तत्व मष्तिष्क और हृदय में रक्त के प्रवाह को बेहतर करते है। इसलिए तुलसी को एक उत्तम औषधि के रूप में जाना जाता है।

tulsi

SHARE
इस वेबसाइट में जो भी जानकारिया दी जा रही हैं, वो हमारे घरों में सदियों से अपनाये जाने वाले घरेल नुस्खे हैं जो हमारी दादी नानी या बड़े बुज़ुर्ग अक्सर ही इस्तेमाल किया करते थे, आज कल हम भाग दौड़ भरी ज़िंदगी में इन सब को भूल गए हैं और छोटी मोटी बीमारी के लिए बिना डॉक्टर की सलाह से तुरंत गोली खा कर अपने शरीर को खराब कर देते हैं। तो ये वेबसाइट बस उसी भूले बिसरे ज्ञान को आगे बढ़ाने के लक्षय से बनाई गयी है। आप कोई भी उपचार करने से पहले अपने डॉक्टर से या वैद से परामर्श ज़रूर कर ले। यहाँ पर हम दवाएं नहीं बता रहे, हम सिर्फ घरेलु नुस्खे बता रहे हैं। कई बार एक ही घरेलु नुस्खा दो व्यक्तियों के लिए अलग अलग परिणाम देता हैं। इसलिए अपनी प्रकृति को जानते हुए उसके बाद ही कोई प्रयोग करे। इसके लिए आप अपने वैद से या डॉक्टर से संपर्क ज़रूर करे।

1 COMMENT

Leave a Reply