जामुन के जबरदस्त फायदे जिनको जानकर आप भी इसे खाएंगे

0

जामुन कम समय के लिए आने वाला लेकिन बेहद लाभदायक फल है। यह स्वाद और सेहत से भी भरपूर होता है। इसमें एंटीऑक्सीडेंट्स भरपूर मात्रा में होते हैं। जामुन के सेवन से शरीर की रोग-प्रतिरोधक क्षमता भी मजबूत होती है।

जामुन का फल और इसकी गुठली असाधारण रुप से रक्त शर्करा की अधिकता को नियंत्रित करने की अद्भुत क्षमता रखती है। औसतन 100 ग्राम जामुन में 62 किलो कैलौरी ऊर्जा, 1.2 मिली ग्राम लोहा, 15 मिली ग्राम कैल्शियम, 15 मिली ग्राम फास्फोरस 18 मिलीग्राम विटामिन सी, 48 माइक्रोग्राम कैरोटीन,55 मिलीग्राम पोटेशियम,35 मिली ग्राम मैग्नीशियम और 25 मिलीग्राम सोडियम पाया जाता है।

यह पाचन तंत्र के लिए भी लाभकारी है। खास बात यह है कि डायबिटीज वाले लोग भी इसका सेवन कर सकते हैं। बस एक बात का ध्यान रखें कि कभी भी खाली पेट जामुन का सेवन न करें। न ही कभी जामुन खाने के बाद दूध का सेवन करें। साथ ही अधिक मात्रा में भी जामुन खाने से बचें।

एक मान्यता के अनुसार जामुन का फल गर्भवती महिलाओं को खिलाने से उनके होने वाले बच्चे के होंठ सुन्दर होते है।

जामुन के फायदे

  1. मधुमेह के उपचार के लिए जामुन बहुत ही फायदेमंद माना जाता है। मधुमेह के रोगी जामुन की गुठलियों को सुखाकर, पीसकर उनका सेवन करें। इससे शुगर का स्तर सामान्‍य रहता है।
  2. एसिडिटी होने पर जामुन का सेवन भूना हुआ चूर्ण और काला नमक के साथ कीजिए, एसिडिटी समाप्त हो जाएगी।
  3. जामुन में कैंसर रोधी गुण भी पाये जाते हैं। कीमोथेरेपी और रेडिएशन थेरेपी के बाद जामुन खाना चाहिए, इससे फायदा होता है।
  4. जामुन खाने से पथरी में फायदा होता है। जामुन की गुठली के चूर्ण को दही के साथ मिलाकर खाने से पथरी में फायदा होता है। लीवर के लिए जामुन का प्रयोग फायदेमंद होता है। कब्ज और पेट के रोगों में भी जामुन बहुत फायदेमंद है।
  5. जामुन पाचनशक्ति बढ़ाता है। जामुन खाने से पेट सं‍बंधित विकार कम होते हैं।
  6. मुंह में छाले होने पर जामुन के रस का प्रयोग करने से लाभ होता है।
  7. जामुन की छाल को बारीक पीसकर हर रोज मंजन करने से दांत मजबूत और रोग-रहित होते हैं।
  8. दस्त या खूनी दस्त होने पर जामुन का सेवन करना चहिए। दस्त होने पर जामुन के रस को सेंधानमक के साथ मिलाकर खाने से दस्त बंद हो जाता है।
  9. अगर आवाज फंस गई हो या फिर बोलने में दिक्कत हो रही हो तो जामुन की गुठली के काढे़ से कुल्ला कीजिए। आवाज को मधुर बनाने के लिए जामुन का काढा बहुत फायदेमंद है।
  10. मुंहासे होने पर जामुन की गुठलियों को सुखाकर पीस लीजिए। इस पाउडर में रात को सोते समय गाय का दूध मिलाकर चेहरे पर लगाइए, इस लेप को सुबह ठंडे पानी से धो लीजिए।
इस वेबसाइट में जो भी जानकारिया दी जा रही हैं, वो हमारे घरों में सदियों से अपनाये जाने वाले घरेल नुस्खे हैं जो हमारी दादी नानी या बड़े बुज़ुर्ग अक्सर ही इस्तेमाल किया करते थे, आज कल हम भाग दौड़ भरी ज़िंदगी में इन सब को भूल गए हैं और छोटी मोटी बीमारी के लिए बिना डॉक्टर की सलाह से तुरंत गोली खा कर अपने शरीर को खराब कर देते हैं। तो ये वेबसाइट बस उसी भूले बिसरे ज्ञान को आगे बढ़ाने के लक्षय से बनाई गयी है। आप कोई भी उपचार करने से पहले अपने डॉक्टर से या वैद से परामर्श ज़रूर कर ले। यहाँ पर हम दवाएं नहीं बता रहे, हम सिर्फ घरेलु नुस्खे बता रहे हैं। कई बार एक ही घरेलु नुस्खा दो व्यक्तियों के लिए अलग अलग परिणाम देता हैं। इसलिए अपनी प्रकृति को जानते हुए उसके बाद ही कोई प्रयोग करे। इसके लिए आप अपने वैद से या डॉक्टर से संपर्क ज़रूर करे।
Loading...

Leave a Reply