माखन मिश्री के 5 फायदे, जरूर जानें..

0

भगवान श्रीकृष्ण का प्रिय भोग माखन मिश्री स्वाद में जितना मधुर लगता है, उतने ही मीठे हैं इसके सेहत से जुड़े फायदे भी। जानिए 5 फायदे…

1 माखन-मिश्री को मिलाकर प्रतिदिन अगर नाश्ते में खाया जाए, तो सिरदर्द और जोड़ों में दर्द की समस्या से छुटकारा मिल सकता है। इससे जोड़ों में खाई हुई नमी और चिकनाई मिल सकेगी और रूखापन धीरे-धीरे कम होगा।

2 आंखों की कमजोरी दूर करने के लिए भी यह तरीका बेहद कारगर है। इसके अलावा मुंह में छाले हो जाने पर माखन मिश्री का सेवन लाभदायक साबित होता है।

3 त्वचा को चिकना और चमकदार बनाना चाहत हैं, तो मिश्री का बूरा और मक्खन मिलाकर त्वचा पर मसाज करें। यह मसाज और स्क्रब दोनों का काम करेगा और त्वचा को प्राकृतिक रूप से चिकना, चमकदार और मुलायम बनाएगा।

4 माखन मिश्री का सेवन करना मस्तिष्क के लिए भी बेहद फायदेमंद होता है। बच्चों को नियमित रूप से अअगर माखन मिश्री खिलाया जाए, तो यह उनके मस्तिष्क और शरीर के विकास के लिए बेहद फायदेमंद होता है।

5 बवासीर जैसी बीमारी से परेशान हैं, तो परेशान न हों, माखन मिश्री का नियमित रूप से सेवन कर, कुछ ही दिनों में आप इस समस्या से निजात पा सकेंगे।

माखन मिश्री के अन्य फायदे

याददाश्‍त के ल‍िए बेहतर

माखन मिश्री का सेवन करना मस्तिष्क के लिए भी बेहद फायदेमंद होता है। बच्चों को नियमित रूप से अगर माखन मिश्री खिलाया जाए, तो यह उनके मस्तिष्क और शरीर के विकास के लिए बेहद फायदेमंद होता है।

हीमोग्लोबिन का स्‍तर ठीक करे

माना जाता है कि माखन के साथ मिश्री मिलाकर खाने से शरीर ताकत और पौष्टिकता मिलती है। साथ ही शरीर में हीमोग्लोबिन की मात्र भी बढ़ती है जिससे त्‍वचा में कांति आती है।

इस वेबसाइट में जो भी जानकारिया दी जा रही हैं, वो हमारे घरों में सदियों से अपनाये जाने वाले घरेल नुस्खे हैं जो हमारी दादी नानी या बड़े बुज़ुर्ग अक्सर ही इस्तेमाल किया करते थे, आज कल हम भाग दौड़ भरी ज़िंदगी में इन सब को भूल गए हैं और छोटी मोटी बीमारी के लिए बिना डॉक्टर की सलाह से तुरंत गोली खा कर अपने शरीर को खराब कर देते हैं। तो ये वेबसाइट बस उसी भूले बिसरे ज्ञान को आगे बढ़ाने के लक्षय से बनाई गयी है। आप कोई भी उपचार करने से पहले अपने डॉक्टर से या वैद से परामर्श ज़रूर कर ले। यहाँ पर हम दवाएं नहीं बता रहे, हम सिर्फ घरेलु नुस्खे बता रहे हैं। कई बार एक ही घरेलु नुस्खा दो व्यक्तियों के लिए अलग अलग परिणाम देता हैं। इसलिए अपनी प्रकृति को जानते हुए उसके बाद ही कोई प्रयोग करे। इसके लिए आप अपने वैद से या डॉक्टर से संपर्क ज़रूर करे।
Loading...

Leave a Reply